Thursday, January 23, 2020

गुवाहाटी में महिला वर्ग के वेटलिफ्टिंग मुकाबले

 87 किग्रा जूनियर की स्वर्ण पदक विजेता रही कर्नाटक की उषा एस.आर 
गुवाहाटी: 22 जनवरी 2020: (PIB//खेल स्क्रीन)::
तीसरे खेलो इंडिया यूथ गेम्स में 22 जनवरी 2020 को गुवाहाटी में महिला वर्ग की 87 किग्रा जूनियर वेटलिफ्टिंग की स्वर्ण पदक विजेता कर्नाटक की उषा एस.आर, रजत पदक विजेता उत्तर प्रदेश की शिवांगी सिंह और कांस्य पदक विजेता ओडिशा की बनिता घडे।

Wednesday, January 22, 2020

महिला लाइट वेल्टर 64 कि.ग्रा.

 मुक्केबाजी की स्वर्ण पदक विजेता असम की अंकुशिता बोरो के साथ 
गुवाहाटी: 22 जनवरी 2020: (PIB//खेल स्क्रीन ब्यूरो)::
तीसरे खेलो इंडिया यूथ गेम्स में 22 जनवरी 2020 को गुवाहाटी में महिला लाइट वेल्टर 64 किग्रा मुक्केबाजी की स्वर्ण पदक विजेता असम की अंकुशिता बोरो, रजत पदक विजेता हरियाणा की मनीषा, कांस्य पदक विजेता विंका और कांस्य पदक विजेता मणिपुर की निंगथौजम देवी।

Saturday, December 21, 2019

खेल विभाग द्वाराखेल संस्कृति में भारत को फिट नेशन बनाने के कई प्रयास हुए

20-दिसंबर-2019 10:38 IST
खेलों में उत्कृष्टता हासिल करने के लिए हुईं कई पहल 
युवा मामले और खेल (स्वतंत्र प्रभार) तथा अल्पसंख्यक मामलों के राज्य मंत्री श्री किरेन रिजीजू और असम के मुख्यमंत्री श्री सर्बानंद सोनोवाल 30 नवंबर, 2019 को गुवाहाटी में खेलो इंडिया यूथ गेम्स के लोगो, शुभंकर और तीसरे संस्करण के थीम सॉन्ग का शुभारंभ करते हुए
नई दिल्ली: 20 दिसंबर 2019: (पीआईबी//खेल स्क्रीन)::
भारत को स्वास्थ्य की दृष्टि से एक चुस्त और दुरुस्त राष्ट्र बनाने के लिए, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 29 अगस्त 2019 को चुस्त भारत आंदोलन की शुरुआत की। स्कूलों, कालेजों, विभिन्न संस्थानों और जीवन के विविध क्षेत्र के लोगों की सक्रिय भागीदारी से चुस्त भारत आंदोलन अब एक जनांदोलन बन चुका है। एक पथ–प्रवर्तक कदम के रूप में, मंत्रालय ने      खेल के मैदानों एवं संबंधी आधारभूत संरचनाओं को सभी खिलाडियों के लिए निःशुल्क आधार पर सुलभ बनाया है। इस साल देश विश्व तीरंदाजी प्रतियोगिता, राष्ट्रमंडल भारोत्तोलन एवं टेबल टेनिस प्रतियोगिताओं और दक्षिण एशियाई खेलों में अब तक के सर्वश्रेठ प्रदर्शनों का गवाह भी बना।
युवा कार्यक्रम और खेल मंत्रालय के तहत खेल विभाग ने देश में खेल की संस्कृति विकसित करने और खेल के क्षेत्र में उत्कृष्टता हासिल करने के लिए वर्ष 2019 के दौरान कई पहल की। अत्याधुनिक आधारभूत संरचना, उपकरण एवं वैज्ञानिक सहयोग की बढ़ती मांग को ध्यान में रखते हुए, भारत सरकार ने कई कदम उठाये हैं और वह वैज्ञानिक एवं उपकरण संबंधी सहयोग से लैस अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए प्रशिक्षण एवं अवसर के माध्यम से खिलाड़ियों को आवश्यक सहायता दे रही है:

1. चुस्त भारत आंदोलन:  फिटनेस या चुस्ती को भारतवासियों के रोजमर्रा के जीवन का एक आवश्यक अंग बनाने के लक्ष्य के साथ चुस्त भारत आंदोलन की शुरुआत राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर 29 अगस्त 2019 को खेल विभाग द्वारा की गई। इस क्रम में, भारत के लोगों को 29 अगस्त 2019 से 29 अगस्त 2023 के बीच आयोजित होने वाले फिटनेस संबंधी कार्यक्रमों/गतिविधियों में शामिल होने के लिए प्रेरित किया गया।

चुस्त भारत आंदोलन में सभी भारतवासियों, चाहे वह किसी भी लिंग, उम्र, पेशे, सामाजिक/ आर्थिक हैसियत और कहीं का भी रहनेवाला हो और चाहे भारत में रह रहा हो या विदेश में, को शामिल किया जायेगा। इसमें फिटनेस और स्वस्थ जीवन शैली के विभिन्न पहलुओं मसलन शारीरिक चुस्ती, मानसिक चुस्ती, खानपान संबंधी स्वस्थ आदतें, स्वस्थ एवं संतुलित आहार, स्वास्थ्य संबंधी प्रतिरोधात्मक उपाय, नियमित एवं पर्यावरण के अनुकूल जीवन शैली आदि का समावेश किया जायेगा।

2.    चुस्त भारत आंदोलन के तहत पहल/गतिविधियां:

महात्मा गांधी की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में 2 अक्टूबर, 2019 को चुस्त भारत आंदोलन के तहत देशभर में 1500 से भी अधिक फिट इंडिया दौड़ आयोजित की गयी।
मानव संसाधन मंत्रालय, स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के साथ मिलकर फिट इंडिया स्कूल सप्ताह और फिट इंडिया प्रमाण– पत्र प्रणाली की शुरुआत की गयी।
3. 11 अक्टूबर, 2019 को राष्ट्रीय खेल संघों की बैठक के दौरान खेल विभाग ने चुस्त भारत आंदोलन को बढ़ावा देने और 1 नवम्बर, 2019 से खेल के मैदानों एवं संबंधी आधारभूत संरचनाओं तक देशभर के खिलाड़ियों की निःशुल्क पहुंच सुनिश्चित करने के लिए सरकार के अधीन सभी खेल संबंधी सुविधाओं को खेल कार्यक्रमों के लिए निःशुल्क रूप से उपलब्ध कराने का निर्णय लिया। एथलीटों को प्रशिक्षित करने वाले गैर– सरकारी प्रशिक्षकों के लिए भी इन खेल संबंधी सुविधाओं को निःशुल्क उपलब्ध कराया जायेगा।

4. खेलो इंडिया युवा खेल 2019: महालुंगे– बालेवाडी, पुणे के श्री शिव छत्रपति स्पोर्ट्स काम्प्लेक्स में 9 से 20 जनवरी, 2019 के बीच खेलो इंडिया युवा खेल 2019 का आयोजन किया गया, जिसकी मेजबानी का जिम्मा महाराष्ट्र ने उठाया। खेल के 18 विभिन्न विभागों में 379 व्यक्तिगत स्पर्धाओं और 24 टीम स्पर्धाओं समेत कुल 403 स्पर्धा आयोजित की गई। इस खेल में महाराष्ट्र समग्र विजेता बना। उसके बाद हरियाणा और दिल्ली का स्थान रहा। इन खेलों में लोगों की व्यापक भागीदारी रही। इसमें सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के 5925 से भी अधिक एथलीटों, 1096 सहायक कर्मचारियों, 893 तकनीकी अधिकारियों, 1021 वालंटियरों और केंद्र एवं राज्य सरकारों के 1500 अधिकारियों ने शिरकत की। स्टार स्पोर्ट्स और डीडी स्पोर्ट्स पर 12 दिनों तक खेलो इंडिया युवा खेल 2019 का रोजाना 8 घंटे तक सीधा प्रसारण किया गया। इस खेल के दौरान राष्ट्रीय एंटी– डोपिंग एजेंसी द्वारा खेलों में नशीले पदार्थों के सेवन के विरुद्ध एक व्यापक एथलीट जागरूकता कार्यक्रम चलाया गया जिसमें राष्ट्रीय स्तर के 3201 युवा एथलीटों को इस मसले पर शिक्षित किया गया। इस खेल में भाग लेने वाले 476 एथलीटों के डोप टेस्ट किये गये।

5.   खेल में मादक पदार्थों के सेवन (डोपिंग) की रोकथाम पर राष्ट्रीय सम्मेलन: फिजिकल एजुकेशन फाउंडेशन ऑफ़ इंडिया द्वारा नेशनल एंटी – डोपिंग एजेंसी (नाडा) के साथ मिलकर 30 - 31 जनवरी, 2019 को नयी दिल्ली में खेल में मादक पदार्थों के सेवन की रोकथाम पर एक दो – दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया गया। केन्द्रीय खेल मंत्री एवं राज्य मंत्री (स्वास्थ्य) श्री अश्विनी कुमार चौबे; श्री मनोज तिवारी, संसद सदस्य; श्रीमती मैरी कॉम, संसद सदस्य; महानिदेशक, नाडा समेत विभिन्न वक्ताओं ने खेल में मादक पदार्थों के सेवन की रोकथाम के तरीकों एवं उपायों के बारे में मूल्यवान सुझाव दिए। इस सम्मेलन में देशभर के विश्वविद्यालयों एवं कॉलेजों के प्रशिक्षकों एवं खेलप्रेमियों ने हिस्सा लिया।

6.  डिजिटल इंडिया अवार्ड्स - 2018 के तहत मंत्रालय की वेबसाइट को वेब रत्न का ख़िताब: युवा कार्यक्रम और खेल मंत्रालय की वेबसाइट ने डिजिटल इंडिया अवार्ड्स– 2018 के तहत   वेब रत्न (रजत) का ख़िताब जीता। ये पुरस्कार वर्ल्ड वाइड वेब के माध्यम का उपयोग कर मंत्रालय द्वारा ई – गवर्नेंस के क्षेत्र में की गई उल्लेखनीय पहलों को रेखांकित करने के लिए दिये जाते हैं।

7.      लक्ष्मीबाई राष्ट्रीय शारीरिक शिक्षा संस्थान (एलएनआईपीई)): शारीरिक शिक्षा एवं खेल विज्ञान के बारे में एक दो–दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन एलएनआईपीई, ग्वालियर में शारीरिक विज्ञान विभाग द्वारा 25 और 26 फरवरी, 2019 को किया गया। एलएआईपीई के कुलपति प्रो डी.के. दुरेहा को 16-17 फरवरी, 2019 को नागपुर में खेल मनोविज्ञान और योगिक विज्ञान के अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन में शारीरिक शिक्षा और खेल मनोविज्ञान के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए लाइफ टाइम अचीवमेंट पुरस्कार से सम्मानित किया गया.

8.       राष्ट्रीय खेल पुरस्कार 2019: भारत के राष्ट्रपति ने 29 अगस्त, 2019 को राष्ट्रपति भवन में आयोजित एक समारोह में राष्ट्रीय खेल पुरस्कार 2019 प्रदान किया। इस वर्ष, विभिन्न श्रेणियों में राष्ट्रीय खेल पुरस्कारों के लिए 32 खिलाड़ियों और 5 संस्थाओं का चयन किया गया। मौलाना अबुल कलाम आजाद (माका) ट्रॉफी, 2019 पंजाब विश्वविद्यालय, चंडीगढ़ को प्रदान की गई।

 9     प्रशिक्षण और प्रतियोगिताओं के लिए वार्षिक कैलेंडर (एसीटीसी) , जो राष्ट्रीय स्तर पर विभिन्न खेल विषयों के संबंध में जूनियर और सीनियर दोनों टीमों के लिए प्रशिक्षण शिविर के साथ-साथ प्रतियोगिता अनुसूची भी तय करता है, वर्तमान वित्तीय वर्ष के लिए ऑनलाइन प्लेटफार्म पर तैयार किया गया है। अनुमोदित एसीटीसी कैलेंडर और बजट को भारतीय खेल प्राधिकरण की वेबसाइट पर एक लिंक के साथ सार्वजनिक रूप से उपलब्ध कराया गया है।

 10.    आहार और पूरक भोजन के शुल्क का युक्तिकरण: सभी एथलीटों, चाहे वे सीनियर, जूनियर या सब-जूनियर स्तर के एथलीटों हों, को आहार, पूरक भोजन के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करने का निर्णय लिया गया है। इससे पहले सीनियर, जूनियर एथलीटों और साई के प्रशिक्षुओं के लिए अलग-अलग आहार थे, जिसे खत्म कर सभी स्तरों के प्रशिक्षुओं के बीच समानता सुनिश्चित की गयी है।

11.      केंद्र और राज्य/केन्द्र शासित प्रदेशों की सरकारों द्वारा देश में खेलों के प्रचार और विकास के लिए सुगठित एवं समन्वित तरीके से ठोस प्रयास करने के इरादे से राज्यों के युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय के मंत्रियों एवं सचिवों के सम्मेलन का आयोजन 15 नवम्बर, 2019 को केन्द्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय द्वारा नयी दिल्ली के विज्ञान भवन में किया गया।

 12.   राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं एवं खेलों में उपलब्धियां:

   क. भारत ने संयुक्त रूप से आईएसएसएफ विश्व कप (राइफल/पिस्टल) में हंगरी के साथ पदक तालिका में शीर्ष स्थान हासिल किया, जो कि जियान (चीन) में आयोजित किया गया, जिसमें भारत ने 03 स्वर्ण और 01 रजत पदक जीते।

  ख. श्रीलंका में आयोजित एशियाई युवा शतरंज चैम्पियनशिप में 28 स्वर्ण पदक, दोहा (कतर) में आयोजित एशियाई एथलेटिक्स चैम्पियनशिप में 02 स्वर्ण पदक और अप्रैल, 2019 में बैंकॉक (थाईलैंड) में आयोजित एशियाई मुक्केबाजी चैम्पियनशिप में 02 स्वर्ण पदक अन्य महत्वपूर्ण उपलब्धियां हैं।

  ग. भारत ने 10 जून से 16 जून, 2019 तक नीदरलैंड के हर्टोजेनबोश में आयोजित विश्व तीरंदाजी चैम्पियनशिप में एक रजत और दो कांस्य पदक जीते।  यह विश्व तीरंदाजी की किसी प्रतियोगिता में भारत का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन था। इस प्रदर्शन के साथ, भारत ने टोक्यो ओलंपिक 2020 में तीरंदाजी के लिए एक स्थान भी आरक्षित किया।

 घ. आपिया, समोआ में 9-14 जुलाई, 2019 को आयोजित राष्ट्रमंडल भारोत्तोलन चैंपियनशिप, 2019 की पदक तालिका में भारत जूनियर और सीनियर आयु वर्ग, दोनों, में 32 अलग-अलग एथलीटों (15 पुरुष और 17 महिलाएं) के साथ तीनों आयु वर्ग में 35 पदक (22 स्वर्ण, 10 रजत और 3 कांस्य पदक) जीतकर अव्वल रहा। इस टूर्नामेंट में भारत का यह अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है।

  च. भारत ने जुलाई, 2019 में कटक (भारत) में आयोजित 21 वें राष्ट्रमंडल टेबल टेनिस चैंपियनशिप में सभी स्वर्ण पदक (सात) हासिल किये।

  छ. व्यक्तिगत खेल स्पर्धाओं में, हेमा दास ने जुलाई, 2019 में आयोजित विभिन्न अंतर्राष्ट्रीय एथलेटिक्स प्रतियोगिताओं में 20 दिनों की अवधि के भीतर पांच स्वर्ण पदक जीते। यह 200 मीटर और 400 मीटर की दौड़ में उनका अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है।

  ज. दुती चंद जुलाई, 2019 में आयोजित वर्ल्ड यूनिवर्सएड की 100 मीटर दौड़ स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला एथलीट बनीं।

  झ. बैडमिंटन विश्व चैंपियनशिप, 2019 : पी.वी. सिंधु ने स्विट्जरलैंड के बासेल में सेंट जेकबशेल में 19 से 25 अगस्त, 2019 में आयोजित बीडब्ल्यूएफ विश्व चैंपियनशिप 2019 में स्वर्ण पदक जीता। वह इस आयोजन में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी बनीं।

 ट. भारत ने 14 से 22 सितंबर, 2019 के दौरान कजाकिस्तान के नूर-सुल्तान में आयोजित हाल ही में संपन्न विश्व कुश्ती चैंपियनशिप 2019 में भारतीय पहलवानों (एक रजत और 4 कांस्य पदक) के मजबूत प्रदर्शन के साथ टोक्यो ओलंपिक 2020 के लिए कुश्ती में चार स्थान हासिल किये।

  ठ. विशेष ओलंपिक, 2019: मार्च 14-21, 2019 के दौरान विशेष ओलंपिक, 2019 अबू धाबी (यूएई) में आयोजित किया गया, जिसमें 284 भारतीय एथलीटों ने भाग लिया। भारतीय खिलाड़ियों ने 85 स्वर्ण, 154 रजत और 129 कांस्य सहित 368 पदक जीते। भारत टूर्नामेंट की पदक तालिका में तीसरे स्थान पर रहा।

  ड. दक्षिण एशियाई खेल, 2019: 13वें दक्षिण एशियाई खेल, 2019 नेपाल द्वारा आयोजित किए गए थे। ये खेल 7 भाग लेने वाले राष्ट्रों के बीच 1 से 10 दिसंबर, 2019 तक काठमांडू और पोखरा में खेले गए थे। भारत ने 174 स्वर्ण, 93 रजत और 45 कांस्य समेत कुल 312 पदक के साथ पहला स्थान हासिल किया।

*****

Sunday, November 17, 2013

Monday, September 9, 2013

ओलम्पिक्स-2020 में कुश्ती को शामिल करने का फैसला

09-सितम्बर-2013 12:50 IST
अंतर्राष्ट्रीय ओलम्पिक समिति के फैसले का स्वागत
Courtesy Photo
केंद्रीय खेल और युवा कार्य राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री जितेन्द्र सिंह ने 2020 के ओलम्पिक खेलों में कुश्ती को शामिल करने के अंतर्राष्ट्रीय ओलम्पिक समिति (आईओसी) के फैसले पर प्रसन्नता व्यक्त की है। 8 सितंबर 2013 को ब्यूनस आयरस, अर्जेंटीना में समिति के 125वें अधिवेशन में ओलम्पिक्स-2020 में अन्य 25 प्रमुख खेलों के साथ कुश्ती को शामिल करने का फैसला लिया गया। कुश्ती, स्कवॉश और बेसबॉल/सॉफ्टबॉल को ओलम्पिक्स-2020 में अतिरिक्त खेल के रूप में शामिल करने के बारे में विवाद बना हुआ था। कुश्ती को शामिल करने का फैसला मतदान के जरिए हुआ। 

12 फरवरी, 2013 को आईओसी के कार्यकारी बोर्ड की बैठक ने सिफारिश की थी कि कुश्ती को 2020 के ओलम्पिक्स में प्रमुख खेलों की सूची में शामिल न किया जाए। इसका संचालन कुश्ती एसोसिएशनों की अंतर्राष्ट्रीय फेडरेशन द्वारा किया जाता है। 20 मई, 2013 को रूस में सेंट पीटर्सबर्ग में हुई बोर्ड की बैठक में सिफारिश की गई कि कुश्ती, स्कवॉश और बेसबॉल/सॉफ्टबॉल को ओलम्पिक्स-2020 में अतिरिक्त खेल के रूप में शामिल करने के बारे में आईओसी के 125वें अधिवेशन में विचार किया जाए। 
12 फरवरी, 2013 को आईओसी के कार्यकारी बोर्ड द्वारा कुश्ती को प्रमुख खेलों की सूची से बाहर रखने के फैसले से धक्का लगा था। युवा कार्य और खेल मंत्रालय ने आईओसी और उन देशों के साथ, जहां कुश्ती लोकप्रिय है, इस मामले को उठाया, ताकि कुश्ती को ओलम्पिक खेलों में शामिल रखा जा सके। 

श्री जितेन्द्र सिंह ने आईओसी के अध्यक्ष श्री जैक्स रॉग को पत्र लिखकर उनसे बोर्ड के फैसले पर फिर से विचार करने का अनुरोध किया। श्री जितेन्द्र सिंह ने अन्य देशों के खेल मंत्रियों को भी पत्र लिखा, जहां कुश्ती लोकप्रिय है और उनके पहलवानों ने लंदन ओलम्पिक्स-2012 में भाग लिया था। खेल सचिव ने भी विदेश सचिव को लिखा था कि विदेश मंत्रालय 70 देशों में हमारे राजदूतों और उच्चायुक्तों से कहे कि वे उन देशों के खेल मंत्रियों से इस मामले को आईओसी के सामने उठाऩे को कहें। 2 सितंबर, 2013 को मंत्रालय ने आईओसी के सभी सदस्यों से अनुरोध किया था कि वे कुश्ती को ओलम्पिक खेलों की प्रमुख सूची में शामिल रखने के बारे में फैसला लें। 

इन सब प्रयासों का सुखद परिणाम निकला। कुश्ती 1886 में एथेंस में शुरू हुए आधुनिक ओलम्पिक खेलों में शामिल थी और उसके बाद भी रही है। प्राचीन ओलम्पिक्स में भी कुश्ती खेलों का हिस्सा थी। आज के समय में भी कुश्ती लोकप्रिय है। इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि लंदन ओलम्पिक्स-2012 में 71 देशों ने कुश्ती स्पर्धाओं में भाग लिया था। (PIB)
***
वि. कासोटिया/राजगोपाल/शदीद-6070                

Monday, August 26, 2013

भारतीय ओलंपिक संघ द्वारा अपने संविधान में संशोधन

26-अगस्त-2013 15:17 IST
भारत सरकार ने किया संशोधन करने के फैसले का स्‍वागत
1. भारत सरकार ने रविवार को भारतीय ओलंपिक संघ (आईओए) की जनरल बॉ‍डी की बैठक आयोजित होने और उसके द्वारा अपने संविधान को खेल संहि‍ता कि अनुरूप बनाने के लिए उसमें संशो‍धन करने पर सहमत होने का फैसला लिए जाने का स्‍वागत किया। भारत सरकार को इस बात की भी खुशी है कि अंतर्राष्‍ट्रीय ओलंपिक समिति (आईओसी) के पर्यवेक्षकों ने इस बैठक में हिस्‍सा लिया। 

2. हालांकि संशोधन अब तक आधिकारिक तौर पर सरकार को उपलब्‍ध नहीं कराये गये हैं, युवा मामले एवं खेल मंत्रालय समझता है कि खेल संहि‍ता द्वारा निर्धारित आयु एवं कार्यकाल संबंधी प्रतिबंध मोटे तौर पर इसमें अपनाये गये हैं। भारत सरकार ने इस घटनाक्रम का स्‍वागत किया है और वह इसे सही दिशा में उठा कदम मानती है। 

3. युवा मामले एवं खेल राज्‍य मंत्री (स्‍वतंत्र प्रभार) श्री जितेन्‍द्र सिंह और खेल सचिव श्री पी. के. देव ने आईओसी के पर्यवेक्षकों श्री फ्रांसियो, एलिजायद, श्री जिरोम पोवे और ओलंपिक काउंसिल ऑफ एशिया (ओसीए) के श्री हैदर ए. फरमान से मुलाकात की और उनसे यह सुनिश्चित करने की जरूरत पर बल दिया कि भारतीय ओलंपिक संघ में नैतिकता के उच्‍च मापदंड बरकरार रहे। सरकार ने स्‍पष्‍ट शब्‍दों में इस बात पर जोर दिया कि आपराधिक और भ्रष्‍टाचार के आरोपों का सामना कर रहे व्‍यक्ति को आईओए के चुनाव में हिस्‍सा लेने की इजाजत न दी जाए। भारत सरकार ने इस बात पर जोर दिया है कि भारतीय खिलाडि़यों को राष्‍ट्रीय ध्‍वज के तले अंतर्राष्‍ट्रीय स्‍पर्धाओं में हिस्सा लेने की इजाजत दी जाए और अगर आईओसी तथा आईओए का विवाद जल्‍द न सुलझे, तो इस उद्देश्‍य के लिए वैकल्पिक सक्षम तंत्रों पर विचार किया जाए। 

4.भारत सरकार ने इस बात का भरसक प्रयास किया कि आईओसी और एनएसएफ के मतभेद दूर हो जाएं। उन्‍होंने आशा व्‍यक्‍त की कि इस बैठक का समापन ओलंपिक दायरे में भारत की वापसी से होगा।(PIB) 
***
वि.कासोटिया/इ.अहमद/रीता/मधुप्रभा- 5812

Wednesday, August 21, 2013

ये हैं रेडस्कीन चेयर लीडर की मनमोहक अदाएं

तेरा जलवा जिसने देखा वोह तेरा हो गया 
हालांकि खिलाडियों की और से अश्लील डांस देखने की खबरें भी आई  हैं लेकिन यह भी  सच है कि कई खिलाडी कई बार इस बात की शिकायत भी कर चुके हैं कि चीयर लीडरज़  और अदायों से  उनका ध्यान भंग होता है और वे खेल में पूरा ध्यान नहीं दे पाते। परिणाम यह होता है की वे खेल हार जाते हैं लेकिन इस कारोबारी युग में इस तरह के डांस का चलन अब थमने का नाम ही नहीं ले रहा। देखिये एक तस्वीर जिसे हम लोक प्रिय दैनिक समाचारपत्र  पंजाब केसरी से साभार प्रकशित कर रहे हैं।
 क्या आपके विचार में ऐसे आयोजन होने उचित हैं? खेल से इनका क्या सम्बन्ध है? खेलने वालों और खेल देखने वालों पर इसका क्या प्रभाव पड़ता होगा? इस तरह के कई सवाल हैं जिन पर आपके अनमोल विचार लोगों को सही राह दिखा सकते हैं ! हर क्षेटर में नारी देह के प्रदर्शन को घसीट लाना कहाँ तक उचित कहा जा सकता है ? आखिर हम समाज के नैतिक मूल्यों को किस तरफ ले रहे हैं ?  उठाईये कलम और उतारिये अपने विचारों को कागज़ पर---ओह सॉरी सॉरी--कागज़ पर नहीं नहीं कम्प्यूटर पर और क्र दीजिये मेल---हम उन्हें आपके नाम के साथ प्रकशित करेंगे। यदि आप इनके समर्थन में भी हैं तो भी हम आपके विचारों का स्वागत करेंगे और उन्हें यहाँ उचित स्थान दिया जायेगा। हाँ विचारों के साथ अपना सही सही नाम पता और मेल आई दी लिखना न भूलें---!