Saturday, August 15, 2020

प्रत्येक नागरिक के बीच फिटनेस को बढ़ावा देना बेहद आवश्यक

प्रविष्टि तिथि: 15 AUG 2020 4:17 PM by PIB Delhi
 खेल मंत्री किरेन रिजिजू ने शुरू की फिट इंडिया यूथ क्लबों की पहल 
नई दिल्ली: 15 अगस्त 2020: (PIB//खेल स्क्रीन)::
प्रधानमंत्री के विज़न फिट इंडिया आंदोलन के एक हिस्से के रूप में फिट इंडिया यूथ क्लब का प्रयास देश भर में फिटनेस के महत्व के बारे में आम जागरूकता पैदा करने के लिए युवाओं की शक्ति का उपयोग करने का प्रयत्न करता है।
फिट इंडिया यूथ क्लब अनूठे तरीके से फिटनेस और संकल्प को एक साथ जोड़ता है जिसमें स्काउट्स एवं गाइड्स, एनसीसी एवं अन्य युवा संगठनों के साथ साथ नेहरू युवा केंद्र संगठन और नेशनल सर्विस स्कीम के 75 लाख वालंटियर एक जिला इकाई के तत्वाधान में देश के प्रत्येक ब्लॉक में फिट इंडिया यूथ क्लब के रूप् में पंजीकरण करने के लिए साथ आएंगे और क्लब का प्रत्येक सदस्य समुदाय के लोगों को उनकी रोजमर्रा के रूटीन में 30 से 60 मिनट तक फिटनेस गतिविधियों से जुड़ने के लिए प्रेरित करेगा। इसके अतिरिक्त, क्लब प्रत्येक तिमाही में एक समुदाय फिटनेस प्रोग्राम आयोजित करने के लिए स्कूलों और स्थानीय निकायों को प्रोत्साहित करेगा।
इस पहल की चर्चा करते हुए, श्री रिजिजू ने कहा कि, ‘ केवल एक फिट नागरिक ही समुचित रूप से अपने देश के प्रति योगदान दे सकता है और साथी नागरिकों को आवश्यकता के क्षणों में सहायता कर सकता है। भारत 1.3 बिलियन लोगों का देश हैं और हमारे पास पहले से ही 75 लाख वोलंटियर हैं और जल्द ही यह संख्या 1 करोड़ तक पहुंच जाएगी। मुझे भरोसा है कि ये एक करोड़ वोलंटियर नियमित रूप से फिटनेस कार्यकलाप करने के लिए देश के कोन-कोने में कम से कम 30 करोड़ भारतीयों को प्रेरित कर सकते हैं। समय बीतने के साथ वोलंटियरों की संख्या और जिन्हें फिट इंडिया आंदोलन के लिए प्रेरित किया जा सकता है, उनकी संख्या भी बढ़ जाएगी और जल्द ही हम प्रत्येक भारतीय तक पहुंचने में भी सक्षम होंगे। ‘
फिट इंडिया यूथ क्लबों द्वारा आरंभ की जाने वाली प्रथम पहलों में एक फिट इंडिया फ्रीडम रन को लोकप्रिय बनाना है जो 15 अगस्त से 2 अक्टूबर तक चलता है और यह एक अनूठी अवधारणा है जो प्रतिभागियों को उनकी गति और उनके स्थान पर दौड़ने का और दौडने के अपने रास्तों की खुद योजना बनाने का अवसर देता है। यह दौड़ पहले ही देश भर में लोकप्रिय हो चुकी है और विख्यात एथलीटों से लेकर, कॉरपोरेट के नेता, सैनिक, स्कूली छात्र इसमें हिस्सा लेते हैं तथा सोशल मीडिया पर #Run4India एवं #NewIndiaFitIndia साथ स्वाधीनता दिवस दौड़ों की तस्वीर तथा वीडियो डालते हैं।
‘फिट इंडिया आंदोलन 29 अगस्त को एक वर्ष पूरे कर लेगा। उन विभिन्न समारोहों की तरह जिन्हे पिछले वर्ष आयोजित किया गया है, फिट इंडिया फ्रीडम रन ने भी देश के प्रत्येक वर्ग को आकर्षित किया है। सीआईएसएफ, आईटीबीपी, बीएसएफ, सीबीएसई स्कूलों, सीआईसीएसई स्कूलों, हमारे अपने एनएसएस, एनवाईकेएस वोलंटियर, स्काउट्ए एवं गाईड्स जैसे विभिन्न संगठन सक्रिय हिस्सा ले रहे हैं। हमलोग मूल्यांकन करेंगे कि किस ब्लॉक, जिला एवं शहर ने दौड़ में सबसे अच्छा प्रदर्शन किया है। एक लक्ष्य निर्धारित करना और एक राष्ट्र के रूप में अपने प्रदर्शन का मूल्यांकन करना महत्वपूर्ण है। ‘ 
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Wednesday, August 5, 2020

प्रतिभाओं की पहचान के लिए वार्षिक खेलो इंडिया की मेजबानी करें

प्रविष्टि तिथि: 04 AUG 2020 8:34PM by PIB Delhi
 खेल मंत्री का राज्यों से अनुरोध कि वे जमीनी स्तर का काम तेज़ करें 
नई दिल्ली: 4 अगस्त 2020: (PIB//खेल स्क्रीन)::
केंद्रीय युवा मामले और खेल मंत्री श्री किरेन रिजिजू ने आज खेलो इंडिया योजना की पहली आम सभा की बैठक की अध्यक्षता की और राज्य के खेल विभागों और अन्य केंद्रीय मंत्रालयों के अधिकारियों को संबोधित किया। बैठक के दौरान बोलते हुए उन्होंने राज्यों से अनुरोध किया कि वे राज्य स्तरीय खेलो इंडिया गेम्स के वार्षिक आयोजन की मेजबानी करें ताकि बड़े पैमाने पर जमीनी स्तर की प्रतिभाओं की पहचान की जा सके। बैठक में खेल सचिव श्री रवि मित्तल; भारतीय खेल प्राधिकरण के महानिदेशक श्री संदीप प्रधान और खेल मंत्रालय के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने हिस्सा लिया।
      श्री किरेन रिजिजू ने कहा,“खेलो इंडिया योजना के तहत राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित होने वाली वार्षिक प्रतियोगिताओं, जैसे कि खेलो इंडिया यूथ गेम्स और यूनिवर्सिटी गेम्स, ने सभी राज्यों से खेल प्रतिभाओं को पहचानने में मदद की है।हालांकि, यह पर्याप्त नहीं है। हर राज्य जमीनी स्तर की प्रतिभा की पहचान करने और राज्य से खेल प्रतिभाओं को एक बड़ा मंच देने के लिए वार्षिक खेलो इंडिया गेम्स का आयोजन कर सकता है। राज्य जो पहले से ही वार्षिक खेल प्रतियोगिताओं का संचालन करते हैं, वे खेलो इंडिया स्कीम के साथ जुड़ सकते हैं और केंद्र इन आयोजनों को संचालित करने में उनका समर्थन करेगा।”
      जमीनी स्तर की प्रतिभाओं की पहचान के महत्व को बताते हुए खेल मंत्री ने कहा,“भारत को एक खेल महाशक्ति बनाने के लिए हमें 5-10 वर्ष आयु वर्ग की प्रतिभाओं को पहचानना होगा और उन्हें भविष्य में चैंपियन बनने में मदद करनी होगी।ओलंपिक के लिए एक एथलीट को तैयार करने में कम से कम 8 साल लगते हैं, और यदि हम बाद के स्तर पर प्रतिभा की पहचान करते हैं, तो ओलंपिक पोडियम पर इसे बनाने की उनकी संभावना सीमित है। इसलिए, राज्यों को युवा प्रतिभा की पहचान करने पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए और राज्य, जिला, ब्लॉक और पंचायत स्तर पर प्रतियोगिताओं का आयोजन करना महत्वपूर्ण है।”
      केंद्रीय खेल मंत्री ने पूर्व, पश्चिम, उत्तर, दक्षिण और उत्तर पूर्व भारत के लिए 5 क्षेत्रीय प्रतिभा स्काउटिंग समितियों की बात की और 24 खेल विषयों में जमीनी स्तर की प्रतिभा की पहचान करने में इन समितियों की सहायता करने में राज्यों की सक्रिय भागीदारी के लिए कहा। उन्होंने कहा,“फिर पहचानी गई प्रतिभाओं को राज्य सरकार या एसएआई केंद्रों में प्रशिक्षित किया जा सकता है। हमें प्रतिभाओं की पहचान करने में राज्य सरकारों से इनपुट की आवश्यकता है।”
      मंत्री ने राज्यों को प्राथमिकता के तौर पर खेलो इंडिया स्टेट सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (केआईएससीई) के लिए अपने सर्वश्रेष्ठ खेल बुनियादी ढांचे की पहचान करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा,“हम पहले ही 8 राज्यों की पहचान कर चुके हैं, जहां केआईएससीई की स्थापना की जाएगी। खेल मंत्रालय को भी 13 राज्यों से प्रस्ताव मिले हैं, जिन्हें अंतिम रूप दिया जा रहा है। केआईएससीई राज्यों के लिए देश भर के वरिष्ठ एथलीटों को चुनिंदा खेलों में प्रशिक्षण देने और उनमें उत्कृष्ट प्रदर्शन करने के लिए एक अत्याधुनिक बुनियादी ढांचा है। केंद्र इसमें राज्यों को निधि देने और समर्थन करने के लिए तैयार है, और इसलिए, मैं हर राज्य से आग्रह करता हूं कि वे अवसंरचना की तत्काल पहचान करें जिसे वे केआईएससीई के लिए चिन्हित करना चाहेंगे।”
      राज्य के प्रतिनिधियों ने खेल मंत्री द्वारा चर्चा की गई योजनाओं के क्रियान्वयन पर खेल मंत्रालय के साथ मिलकर काम करने में दिलचस्पी दिखाई। इनमें से कई ने पहले से मौजूद राज्य स्तरीय वार्षिक प्रतियोगिताओं और जमीनी स्तर की प्रतिभा पहचान योजनाओं का विवरण साझा किया।
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Monday, August 3, 2020

खेल फिजियोथेरेपी और खेल न्यूट्रीशन में पाठ्यक्रम शुरू

प्रविष्टि तिथि: 03 AUG 2020 3:34PM by PIB Delhi
एनएसएनआईएस पटियाला और सीएसएस-एसआरआईएचईआर ने उठाया प्रशंसनीय कदम 
 मकसद खेल संबंधी परिवेश को बुनियादी स्तर पर मजबूती प्रदान करना 
प्रतीकात्मक फोटो जिसे Markus Spiske of  Unsplash  ने क्लिक किया 
नई दिल्ली: 3 अगस्त 2020: (पीआईबी//खेल स्क्रीन)::
इस बात को सुनिश्चित करने के एक प्रयास के रूप में कि खेल विज्ञान को एथलीटों को प्रशिक्षित करने के लिए बुनियादी स्तर पर भी लागू किया जाए, एनएसएनआईएस पटियाला ने सीएसएस-एसआरआईएचईआर, चेन्नई (डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी) के साथ, खेल विज्ञान विषयों में संयुक्त रूप से छह महीने के प्रमाण पत्र पाठ्यक्रमों का संचालन करने के लिए एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए। इस पाठ्यक्रम का उद्देश्य, खेल विज्ञान के क्षेत्र में काम करने वाले योग्य युवा पेशेवरों को विशेषज्ञता के क्षेत्र में आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करना है। पहले चरण में, खेल फिजियोथेरेपी और खेल न्यूट्रीशन पाठ्यक्रमों की शुरुआत ऑनलाइन माध्यम से की जा रही हैं, उन पाठ्यक्रमों के लिए 3 अगस्त 2020 से नामांकन प्रारंभ किए गए हैं। इन पाठ्यक्रमों का उद्देश्य उन पेशेवरों को प्रशिक्षण प्रदान करना है जो कि सामुदायिक कोचों और विकासात्मक कोचों के साथ मिलकर जमीनी स्तर के प्रशिक्षण में खेल विज्ञान का उपयोग कर सकते हैं।
खेल फिजियोथेरेपी पाठ्यक्रम की लिखित प्रवेश परीक्षा में शामिल होने की पात्रता फिजियोथेरेपी (ऑर्थो/खेल) में परास्नातक की डिग्री है। जिन लोगों के पास किसी खेल संस्थान, खेल टीम या क्लब में तीन वर्ष काम करने का अनुभव प्राप्त होने के साथ-साथ फिजियोथेरेपी में स्नातक की डिग्री है, वे भी इस पाठ्यक्रम के लिए आवेदन कर सकते हैं। खेल न्यूट्रीशन पाठ्यक्रम के लिए, जो व्यक्ति प्रवेश परीक्षा में शामिल होने के योग्य हैं, उनके पास किसी भी विषय में परास्नातक की डिग्री होनी चाहिए, जिसमें खाद्य और पोषण, एप्लाइड न्यूट्रीशन, सार्वजनिक स्वास्थ्य पोषण, नैदानिक पोषण और आहार विज्ञान, खाद्य विज्ञान और गुणवत्ता नियंत्रण या खेल न्यूट्रीशन भी शामिल हैं। उपरोक्त में से किसी भी विषय में स्नातक की डिग्री रखने वाले, और साथ ही किसी भी मान्यता प्राप्त खेल संस्थान, क्लब या राज्य या राष्ट्रीय स्तर की टीम में तीन वर्ष काम करने का अनुभव रखने वाले भी प्रवेश परीक्षा में शामिल हो सकते हैं।
छह महीने के पाठ्यक्रम को ऑनलाइन पढ़ाया जाएगा, जिसमें खेल फिजियोथेरेपी और खेल न्यूट्रीशन के सभी महत्वपूर्ण पहलू शामिल होंगे। पाठ्यक्रम के भाग के रूप में, दो सप्ताह की शारीरिक कार्यशाला भी आयोजित की जाएगी, और जिसका आयोजन कोविड महामारी के बाद किया जाएगा। अंतिम रूप से प्रमाणपत्र देने के लिए, उपस्थित लोगों का मूल्यांकन ऑनलाइन प्रश्नोत्तरी और लिखित परीक्षा के आधार पर किया जाएगा।
भारतीय खेल प्राधिकरण के वरिष्ठ कार्यकारी निदेशक (अकादमिक), कर्नल आरएस बिश्नोई ने जमीनी स्तर के कोचों की खेल शिक्षा में, खेल विज्ञान को शामिल करने के महत्व के संदर्भ में कहा कि, "खेल विज्ञान में नए पाठ्यक्रमों को शामिल करने का उद्देश्य, ज्यादा वैज्ञानिक तरीके से प्रशिक्षण प्रदान करके बुनियादी स्तर पर खेल संबंधी परिवेश को मजबूती प्रदान करना है। इन पाठ्यक्रमों को पूरा करने के बाद, ये पेशेवर जमीनी स्तर पर सामुदायिक कोचों और विकासात्मक कोचों के साथ काम करने के लिए तैयार हो जाएंगे और जूनियर एथलीटों को बेहतर प्रशिक्षण प्रदान करेंगे। दूसरे चरण में भारतीय खेल प्राधिकरण, एक्सरसाइज फिजियोलॉजी, खेल बायोमैकेनिक्स, स्ट्रेंथ एंड कंडिशन, खेल साइकोलॉजी में भी पाठ्यक्रमों की शुरुआत करेगा।"
पाठ्यक्रम की अध्ययन सूची के संदर्भ में सीएसएस-एसआरआईएचईआर के निदेशक, प्रोफेसर अरुणमुगम ने कहा कि, “इन पाठ्यक्रमों को खेल फिजियोथेरेपी और खेल न्यूट्रीशन के क्षेत्र में नवीनतम अंतर्राष्ट्रीय चलनों को शामिल करने के लिए डिज़ाइन किए गए हैं। पाठ्यक्रम में खेल विज्ञान को शामिल करना, यहां तक ​​कि जमीनी स्तर पर भी, इस क्षेत्र में काम करने वाले पेशेवरों को एक एथलीट की जरूरतों को ठीक प्रकार से समझने में सहायता प्रदान करेगा। इन पाठ्यक्रमों को सर्वश्रेष्ठ भारतीय संकाय और विदेशी विशेषज्ञों द्वारा पढ़ाया जाएगा।”
इन पाठ्यक्रमों के लिए आवेदन फॉर्म, तीन अगस्त से 10 अगस्त तक ऑनलाइन उपलब्ध होंगे, जिसके बाद पात्र उम्मीदवारों के लिए 16 अगस्त, 2020 को लिखित ऑनलाइन परीक्षा का आयोजन किया जाएगा। इन पाठ्यक्रमों की शुरुआत 24 अगस्त, 2020 से होगी।
एसजी/एएम/एके/एसके

Wednesday, February 26, 2020

SCD राजकीय कालेज लुधियाना में दो दिवसीय खेल उत्सव शुरू

Wednesday: 26th  February 2020 at 17:44 PM Whats app
कल तक चलेगा दो दिवसीय 100 वां वार्षिक खेल समारोह 
लुधियाना: 26 फरवरी 2020: (कार्तिका सिंह//खेल स्क्रीन):: 
शताब्दी वर्ष 2020 सतीश चन्द्र धवन महाविद्यालय लुधियाना में द्विदिवसीय वार्षिक खेल समारोह आज बहुत  ही जोशो खरोश से आरम्भ हो गया। कल शुक्रवार  27 फरवरी 2020 तक चलने वाले इस दो  दिवसीय खेल उत्सव में बहुत से खिलाडियों का प्रदर्शन देखने को मिलेगा। यह 100 वां वार्षिक खेल समारोह आज बहुत ही उत्साह से आरम्भ किया गया जिसमें श्री सिमरत पाल सिंह ढींडसा डी.सी.पी. लुधियाना मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। कालेज के प्रिंसीपल डा. धर्म सिंह संधु जी ने फूलों का गुलदस्ता देकर इस विशेष मेहमान से सुस्वागतम कहा। समारोह में कालेज के सुबह की शिफ्ट और शाम की शिफ्ट दोनों ने ही मिलजुल कर एक टीम भावना से भाग लिया।  समारोह का शुभारम्भ  प्रिंसीपल धर्म सिंह संधू ने ज्योति प्रज्वलित करके पारम्परिक ढंग से किया। मशाल लाने वाले खिलाड़ी विश्वजीत सिंह पंजाब स्टेट बास्केटबाल चैम्पियनशिप में गोल्ड मैडल प्राप्त कर चुके हैं। नार्थ जान बास्केटबाल चैम्पियनशिप में सिल्वर मैडल प्राप्त किया। अन्तर्कालेज प्रतियोगिता में ब्रान्ज मैडल प्राप्त किया। खेलो इण्डिया गेमज़ में गोल्ड मैडल प्राप्त किया) साहिल (पंजाब स्टेट अंडर 25 हैंडबाल मैन मुकाबले में गोल्ड मैडल प्राप्त किया।) प्रदीप प्रधान (पंजाब स्टेट अंडर हैंडबाल मुकाबले में गोल्ड मैडल प्राप्त किया। नार्थ जान अन्तर युनिवर्सिटी मुकाबले में ब्रान्ज मैडल प्राप्त किया) गोविन्द कुमार (अन्तर कालेज खो-खो मुकाबले में गोल्ड मैडल प्राप्त किया। पंजाब यूनिवर्सिटी की प्रतिनिधिता की तथा नार्थ ज़ोन युनिवर्सिटी में गोल्ड मैडल प्राप्त किया। पंजाब स्टेट में सिल्वर मैडल प्राप्त किया। अमनिंदर सिंह ने 400 मीटर की दौड़ में अन्तर कालेज मुकाबले में सिल्वर मैडल प्राप्त किया। पंजाब स्टेट अंडर 20 में 110 मीटर हर्डलज़ तथा 400 मीटर हर्डलज़ दौड़ में ब्रान्ज मैडल प्राप्त किया। कुनाल पंजाब यूनिवर्सिटी की प्रतिनिधिता की तथा नार्थ जान अन्तर यूनिवर्सिटी में भाग लिया। ओपन जिला टूर्नामैण्ट में गोल्ड मैडल प्राप्त किया। ओपन पंजाब स्टेट अंडर 19 में गोल्ड मैडल प्राप्त किया और सनप्रीत सिंह अन्तर कालेज मुकाबले में ब्रान्ज मैडल, नार्थ जान अन्तर युनिवर्सिटी में भाग लिया। जुनियर नैशनल चैम्पियनशिप में भाग लिया। अंडर 25पंजाब स्टेट गेमज़ में गोल्ड मैडल प्राप्त किया ने भी अहम भूमिका निभाई। फ्लैग लाने वाले खिलाड़ी गुरबाज सिंह,(बास्केटबाल) गुरनूर सिंह (बास्केटबाल) गुरकोमल सिंह (ऐथलैटिक्स) श्याम (खो खो) निहाल वडेरा (क्रिकेट) अभिषेक बालीबाल) जसवीर सिंह (खो खो) तथा दीक्षा (ताइक्वांडो) ने इस प्रथा को निभाया। खेल समारोह में लड़के-लड़कियों दोनों ने भाग लिया जिसमें 800 मी दौड़ (लड़के) में सुबह का कालेज सक्रिय रहा। जैवलीन थ्रो में  (लड़कियां) सुबह का का कालेज शानदार प्रदर्शन करता रहा। इसी तरह 100 मी दौड़ (लड़के) स्पर्धा में सुबह का कालेज, 100 मी दौड़ (लड़के) शाम का कालेज, लंबी छलांग में (लड़के) शाम का कालेज, 5000 मी दौड़ (लड़के) सुबह का कलेज, तिहरी छलांग (लड़के) सुबह का कालेज,  जैवलीन फैंकना (लड़के) में सुबह का कलेज, जैवलीन फैंकना प्रतियोगिता में ही (लड़के) शाम का कालेज, 100 मी दौड़ (लड़कियां) सुबह का कालेज, उंची छाल (लड़कियां) सुबह का कालेज, लम्बी छाल ( लड़कियां) सुबह का कालेज,800 मी दौड़ (लड़के) शाम का कालेज,डिस्कस फैंकना (लड़कियां) सुबह का कालेज, गोला फैंकना (लड़के) शाम का कालेज, गोला फैंकना (लड़कियों) सुबह का कालेज, 200 मी दौड़ (लड़के) सुबह का कालेज, 200 मी दौड़ शाम का कालेज, ऊंची छाल (लड़के) शाम का कालेज,तथा डिस्कस फैंकना (लड़के) शाम का कालेज, खेलें खेलीं गयीं। 

Thursday, January 23, 2020

गुवाहाटी में महिला वर्ग के वेटलिफ्टिंग मुकाबले

 87 किग्रा जूनियर की स्वर्ण पदक विजेता रही कर्नाटक की उषा एस.आर 
गुवाहाटी: 22 जनवरी 2020: (PIB//खेल स्क्रीन)::
तीसरे खेलो इंडिया यूथ गेम्स में 22 जनवरी 2020 को गुवाहाटी में महिला वर्ग की 87 किग्रा जूनियर वेटलिफ्टिंग की स्वर्ण पदक विजेता कर्नाटक की उषा एस.आर, रजत पदक विजेता उत्तर प्रदेश की शिवांगी सिंह और कांस्य पदक विजेता ओडिशा की बनिता घडे।

Wednesday, January 22, 2020

महिला लाइट वेल्टर 64 कि.ग्रा.

 मुक्केबाजी की स्वर्ण पदक विजेता असम की अंकुशिता बोरो के साथ 
गुवाहाटी: 22 जनवरी 2020: (PIB//खेल स्क्रीन ब्यूरो)::
तीसरे खेलो इंडिया यूथ गेम्स में 22 जनवरी 2020 को गुवाहाटी में महिला लाइट वेल्टर 64 किग्रा मुक्केबाजी की स्वर्ण पदक विजेता असम की अंकुशिता बोरो, रजत पदक विजेता हरियाणा की मनीषा, कांस्य पदक विजेता विंका और कांस्य पदक विजेता मणिपुर की निंगथौजम देवी।

Saturday, December 21, 2019

खेल विभाग द्वाराखेल संस्कृति में भारत को फिट नेशन बनाने के कई प्रयास हुए

20-दिसंबर-2019 10:38 IST
खेलों में उत्कृष्टता हासिल करने के लिए हुईं कई पहल 
युवा मामले और खेल (स्वतंत्र प्रभार) तथा अल्पसंख्यक मामलों के राज्य मंत्री श्री किरेन रिजीजू और असम के मुख्यमंत्री श्री सर्बानंद सोनोवाल 30 नवंबर, 2019 को गुवाहाटी में खेलो इंडिया यूथ गेम्स के लोगो, शुभंकर और तीसरे संस्करण के थीम सॉन्ग का शुभारंभ करते हुए
नई दिल्ली: 20 दिसंबर 2019: (पीआईबी//खेल स्क्रीन)::
भारत को स्वास्थ्य की दृष्टि से एक चुस्त और दुरुस्त राष्ट्र बनाने के लिए, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 29 अगस्त 2019 को चुस्त भारत आंदोलन की शुरुआत की। स्कूलों, कालेजों, विभिन्न संस्थानों और जीवन के विविध क्षेत्र के लोगों की सक्रिय भागीदारी से चुस्त भारत आंदोलन अब एक जनांदोलन बन चुका है। एक पथ–प्रवर्तक कदम के रूप में, मंत्रालय ने      खेल के मैदानों एवं संबंधी आधारभूत संरचनाओं को सभी खिलाडियों के लिए निःशुल्क आधार पर सुलभ बनाया है। इस साल देश विश्व तीरंदाजी प्रतियोगिता, राष्ट्रमंडल भारोत्तोलन एवं टेबल टेनिस प्रतियोगिताओं और दक्षिण एशियाई खेलों में अब तक के सर्वश्रेठ प्रदर्शनों का गवाह भी बना।
युवा कार्यक्रम और खेल मंत्रालय के तहत खेल विभाग ने देश में खेल की संस्कृति विकसित करने और खेल के क्षेत्र में उत्कृष्टता हासिल करने के लिए वर्ष 2019 के दौरान कई पहल की। अत्याधुनिक आधारभूत संरचना, उपकरण एवं वैज्ञानिक सहयोग की बढ़ती मांग को ध्यान में रखते हुए, भारत सरकार ने कई कदम उठाये हैं और वह वैज्ञानिक एवं उपकरण संबंधी सहयोग से लैस अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए प्रशिक्षण एवं अवसर के माध्यम से खिलाड़ियों को आवश्यक सहायता दे रही है:

1. चुस्त भारत आंदोलन:  फिटनेस या चुस्ती को भारतवासियों के रोजमर्रा के जीवन का एक आवश्यक अंग बनाने के लक्ष्य के साथ चुस्त भारत आंदोलन की शुरुआत राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर 29 अगस्त 2019 को खेल विभाग द्वारा की गई। इस क्रम में, भारत के लोगों को 29 अगस्त 2019 से 29 अगस्त 2023 के बीच आयोजित होने वाले फिटनेस संबंधी कार्यक्रमों/गतिविधियों में शामिल होने के लिए प्रेरित किया गया।

चुस्त भारत आंदोलन में सभी भारतवासियों, चाहे वह किसी भी लिंग, उम्र, पेशे, सामाजिक/ आर्थिक हैसियत और कहीं का भी रहनेवाला हो और चाहे भारत में रह रहा हो या विदेश में, को शामिल किया जायेगा। इसमें फिटनेस और स्वस्थ जीवन शैली के विभिन्न पहलुओं मसलन शारीरिक चुस्ती, मानसिक चुस्ती, खानपान संबंधी स्वस्थ आदतें, स्वस्थ एवं संतुलित आहार, स्वास्थ्य संबंधी प्रतिरोधात्मक उपाय, नियमित एवं पर्यावरण के अनुकूल जीवन शैली आदि का समावेश किया जायेगा।

2.    चुस्त भारत आंदोलन के तहत पहल/गतिविधियां:

महात्मा गांधी की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में 2 अक्टूबर, 2019 को चुस्त भारत आंदोलन के तहत देशभर में 1500 से भी अधिक फिट इंडिया दौड़ आयोजित की गयी।
मानव संसाधन मंत्रालय, स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के साथ मिलकर फिट इंडिया स्कूल सप्ताह और फिट इंडिया प्रमाण– पत्र प्रणाली की शुरुआत की गयी।
3. 11 अक्टूबर, 2019 को राष्ट्रीय खेल संघों की बैठक के दौरान खेल विभाग ने चुस्त भारत आंदोलन को बढ़ावा देने और 1 नवम्बर, 2019 से खेल के मैदानों एवं संबंधी आधारभूत संरचनाओं तक देशभर के खिलाड़ियों की निःशुल्क पहुंच सुनिश्चित करने के लिए सरकार के अधीन सभी खेल संबंधी सुविधाओं को खेल कार्यक्रमों के लिए निःशुल्क रूप से उपलब्ध कराने का निर्णय लिया। एथलीटों को प्रशिक्षित करने वाले गैर– सरकारी प्रशिक्षकों के लिए भी इन खेल संबंधी सुविधाओं को निःशुल्क उपलब्ध कराया जायेगा।

4. खेलो इंडिया युवा खेल 2019: महालुंगे– बालेवाडी, पुणे के श्री शिव छत्रपति स्पोर्ट्स काम्प्लेक्स में 9 से 20 जनवरी, 2019 के बीच खेलो इंडिया युवा खेल 2019 का आयोजन किया गया, जिसकी मेजबानी का जिम्मा महाराष्ट्र ने उठाया। खेल के 18 विभिन्न विभागों में 379 व्यक्तिगत स्पर्धाओं और 24 टीम स्पर्धाओं समेत कुल 403 स्पर्धा आयोजित की गई। इस खेल में महाराष्ट्र समग्र विजेता बना। उसके बाद हरियाणा और दिल्ली का स्थान रहा। इन खेलों में लोगों की व्यापक भागीदारी रही। इसमें सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के 5925 से भी अधिक एथलीटों, 1096 सहायक कर्मचारियों, 893 तकनीकी अधिकारियों, 1021 वालंटियरों और केंद्र एवं राज्य सरकारों के 1500 अधिकारियों ने शिरकत की। स्टार स्पोर्ट्स और डीडी स्पोर्ट्स पर 12 दिनों तक खेलो इंडिया युवा खेल 2019 का रोजाना 8 घंटे तक सीधा प्रसारण किया गया। इस खेल के दौरान राष्ट्रीय एंटी– डोपिंग एजेंसी द्वारा खेलों में नशीले पदार्थों के सेवन के विरुद्ध एक व्यापक एथलीट जागरूकता कार्यक्रम चलाया गया जिसमें राष्ट्रीय स्तर के 3201 युवा एथलीटों को इस मसले पर शिक्षित किया गया। इस खेल में भाग लेने वाले 476 एथलीटों के डोप टेस्ट किये गये।

5.   खेल में मादक पदार्थों के सेवन (डोपिंग) की रोकथाम पर राष्ट्रीय सम्मेलन: फिजिकल एजुकेशन फाउंडेशन ऑफ़ इंडिया द्वारा नेशनल एंटी – डोपिंग एजेंसी (नाडा) के साथ मिलकर 30 - 31 जनवरी, 2019 को नयी दिल्ली में खेल में मादक पदार्थों के सेवन की रोकथाम पर एक दो – दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया गया। केन्द्रीय खेल मंत्री एवं राज्य मंत्री (स्वास्थ्य) श्री अश्विनी कुमार चौबे; श्री मनोज तिवारी, संसद सदस्य; श्रीमती मैरी कॉम, संसद सदस्य; महानिदेशक, नाडा समेत विभिन्न वक्ताओं ने खेल में मादक पदार्थों के सेवन की रोकथाम के तरीकों एवं उपायों के बारे में मूल्यवान सुझाव दिए। इस सम्मेलन में देशभर के विश्वविद्यालयों एवं कॉलेजों के प्रशिक्षकों एवं खेलप्रेमियों ने हिस्सा लिया।

6.  डिजिटल इंडिया अवार्ड्स - 2018 के तहत मंत्रालय की वेबसाइट को वेब रत्न का ख़िताब: युवा कार्यक्रम और खेल मंत्रालय की वेबसाइट ने डिजिटल इंडिया अवार्ड्स– 2018 के तहत   वेब रत्न (रजत) का ख़िताब जीता। ये पुरस्कार वर्ल्ड वाइड वेब के माध्यम का उपयोग कर मंत्रालय द्वारा ई – गवर्नेंस के क्षेत्र में की गई उल्लेखनीय पहलों को रेखांकित करने के लिए दिये जाते हैं।

7.      लक्ष्मीबाई राष्ट्रीय शारीरिक शिक्षा संस्थान (एलएनआईपीई)): शारीरिक शिक्षा एवं खेल विज्ञान के बारे में एक दो–दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन एलएनआईपीई, ग्वालियर में शारीरिक विज्ञान विभाग द्वारा 25 और 26 फरवरी, 2019 को किया गया। एलएआईपीई के कुलपति प्रो डी.के. दुरेहा को 16-17 फरवरी, 2019 को नागपुर में खेल मनोविज्ञान और योगिक विज्ञान के अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन में शारीरिक शिक्षा और खेल मनोविज्ञान के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए लाइफ टाइम अचीवमेंट पुरस्कार से सम्मानित किया गया.

8.       राष्ट्रीय खेल पुरस्कार 2019: भारत के राष्ट्रपति ने 29 अगस्त, 2019 को राष्ट्रपति भवन में आयोजित एक समारोह में राष्ट्रीय खेल पुरस्कार 2019 प्रदान किया। इस वर्ष, विभिन्न श्रेणियों में राष्ट्रीय खेल पुरस्कारों के लिए 32 खिलाड़ियों और 5 संस्थाओं का चयन किया गया। मौलाना अबुल कलाम आजाद (माका) ट्रॉफी, 2019 पंजाब विश्वविद्यालय, चंडीगढ़ को प्रदान की गई।

 9     प्रशिक्षण और प्रतियोगिताओं के लिए वार्षिक कैलेंडर (एसीटीसी) , जो राष्ट्रीय स्तर पर विभिन्न खेल विषयों के संबंध में जूनियर और सीनियर दोनों टीमों के लिए प्रशिक्षण शिविर के साथ-साथ प्रतियोगिता अनुसूची भी तय करता है, वर्तमान वित्तीय वर्ष के लिए ऑनलाइन प्लेटफार्म पर तैयार किया गया है। अनुमोदित एसीटीसी कैलेंडर और बजट को भारतीय खेल प्राधिकरण की वेबसाइट पर एक लिंक के साथ सार्वजनिक रूप से उपलब्ध कराया गया है।

 10.    आहार और पूरक भोजन के शुल्क का युक्तिकरण: सभी एथलीटों, चाहे वे सीनियर, जूनियर या सब-जूनियर स्तर के एथलीटों हों, को आहार, पूरक भोजन के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करने का निर्णय लिया गया है। इससे पहले सीनियर, जूनियर एथलीटों और साई के प्रशिक्षुओं के लिए अलग-अलग आहार थे, जिसे खत्म कर सभी स्तरों के प्रशिक्षुओं के बीच समानता सुनिश्चित की गयी है।

11.      केंद्र और राज्य/केन्द्र शासित प्रदेशों की सरकारों द्वारा देश में खेलों के प्रचार और विकास के लिए सुगठित एवं समन्वित तरीके से ठोस प्रयास करने के इरादे से राज्यों के युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय के मंत्रियों एवं सचिवों के सम्मेलन का आयोजन 15 नवम्बर, 2019 को केन्द्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय द्वारा नयी दिल्ली के विज्ञान भवन में किया गया।

 12.   राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं एवं खेलों में उपलब्धियां:

   क. भारत ने संयुक्त रूप से आईएसएसएफ विश्व कप (राइफल/पिस्टल) में हंगरी के साथ पदक तालिका में शीर्ष स्थान हासिल किया, जो कि जियान (चीन) में आयोजित किया गया, जिसमें भारत ने 03 स्वर्ण और 01 रजत पदक जीते।

  ख. श्रीलंका में आयोजित एशियाई युवा शतरंज चैम्पियनशिप में 28 स्वर्ण पदक, दोहा (कतर) में आयोजित एशियाई एथलेटिक्स चैम्पियनशिप में 02 स्वर्ण पदक और अप्रैल, 2019 में बैंकॉक (थाईलैंड) में आयोजित एशियाई मुक्केबाजी चैम्पियनशिप में 02 स्वर्ण पदक अन्य महत्वपूर्ण उपलब्धियां हैं।

  ग. भारत ने 10 जून से 16 जून, 2019 तक नीदरलैंड के हर्टोजेनबोश में आयोजित विश्व तीरंदाजी चैम्पियनशिप में एक रजत और दो कांस्य पदक जीते।  यह विश्व तीरंदाजी की किसी प्रतियोगिता में भारत का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन था। इस प्रदर्शन के साथ, भारत ने टोक्यो ओलंपिक 2020 में तीरंदाजी के लिए एक स्थान भी आरक्षित किया।

 घ. आपिया, समोआ में 9-14 जुलाई, 2019 को आयोजित राष्ट्रमंडल भारोत्तोलन चैंपियनशिप, 2019 की पदक तालिका में भारत जूनियर और सीनियर आयु वर्ग, दोनों, में 32 अलग-अलग एथलीटों (15 पुरुष और 17 महिलाएं) के साथ तीनों आयु वर्ग में 35 पदक (22 स्वर्ण, 10 रजत और 3 कांस्य पदक) जीतकर अव्वल रहा। इस टूर्नामेंट में भारत का यह अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है।

  च. भारत ने जुलाई, 2019 में कटक (भारत) में आयोजित 21 वें राष्ट्रमंडल टेबल टेनिस चैंपियनशिप में सभी स्वर्ण पदक (सात) हासिल किये।

  छ. व्यक्तिगत खेल स्पर्धाओं में, हेमा दास ने जुलाई, 2019 में आयोजित विभिन्न अंतर्राष्ट्रीय एथलेटिक्स प्रतियोगिताओं में 20 दिनों की अवधि के भीतर पांच स्वर्ण पदक जीते। यह 200 मीटर और 400 मीटर की दौड़ में उनका अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है।

  ज. दुती चंद जुलाई, 2019 में आयोजित वर्ल्ड यूनिवर्सएड की 100 मीटर दौड़ स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला एथलीट बनीं।

  झ. बैडमिंटन विश्व चैंपियनशिप, 2019 : पी.वी. सिंधु ने स्विट्जरलैंड के बासेल में सेंट जेकबशेल में 19 से 25 अगस्त, 2019 में आयोजित बीडब्ल्यूएफ विश्व चैंपियनशिप 2019 में स्वर्ण पदक जीता। वह इस आयोजन में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी बनीं।

 ट. भारत ने 14 से 22 सितंबर, 2019 के दौरान कजाकिस्तान के नूर-सुल्तान में आयोजित हाल ही में संपन्न विश्व कुश्ती चैंपियनशिप 2019 में भारतीय पहलवानों (एक रजत और 4 कांस्य पदक) के मजबूत प्रदर्शन के साथ टोक्यो ओलंपिक 2020 के लिए कुश्ती में चार स्थान हासिल किये।

  ठ. विशेष ओलंपिक, 2019: मार्च 14-21, 2019 के दौरान विशेष ओलंपिक, 2019 अबू धाबी (यूएई) में आयोजित किया गया, जिसमें 284 भारतीय एथलीटों ने भाग लिया। भारतीय खिलाड़ियों ने 85 स्वर्ण, 154 रजत और 129 कांस्य सहित 368 पदक जीते। भारत टूर्नामेंट की पदक तालिका में तीसरे स्थान पर रहा।

  ड. दक्षिण एशियाई खेल, 2019: 13वें दक्षिण एशियाई खेल, 2019 नेपाल द्वारा आयोजित किए गए थे। ये खेल 7 भाग लेने वाले राष्ट्रों के बीच 1 से 10 दिसंबर, 2019 तक काठमांडू और पोखरा में खेले गए थे। भारत ने 174 स्वर्ण, 93 रजत और 45 कांस्य समेत कुल 312 पदक के साथ पहला स्थान हासिल किया।

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